उत्तराखंड में मौसम के तेवर लगातार बदल रहे है। दिन में जहाँ चड़चड़ाती धूप पसीने छुटवा रही थी। वहीं मंगलवार देर शाम मौसम बदला और राजधानी देहरादून और मसूरी में झमाझम बारिश शुरू हो गई। मसूरी में हल्का कोहरा होने के साथ ही ओलावृष्टि भी देखने को मिली।
उधर, यमुनोत्री धाम सहित आस-पास के गांव फूलचट्टी, नारायण पुरी, जानकीचट्टी क्षेत्र में भी बारिश शुरू हुई। जिससे तापमान में थोड़ी गिरावट दर्ज हुई। वहीं, लोगों को हल्की गर्मी से राहत मिली है।
तापमान बढ़ने के आसार
उत्तराखंड में फरवरी के महीने से ही में पारा तेजी से चढ़ रहा है। अगले कुछ दिनों में मैदानी जिलों में अधिकतम तापमान सामान्य से पांच से सात डिग्री, जबकि पर्वतीय क्षेत्रों में आठ से 10 डिग्री अधिक रहने की संभावना है। मौसम विभाग के वैज्ञानिकों के अनुसार मैदानी जिलों में अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। जबकि, पर्वतीय जिलों में तापमान 29 डिग्री के आसपास रहेगा।
हिमस्खलन की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार, आगामी सप्ताह में मौसम शुष्क रहेगा। पर्वतीय क्षेत्रों में तापमान आठ से दस डिग्री सेल्सियस बढ़ने के कारण अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फ पिघलेगी। इससे उत्तराखंड की नदियों के जलस्तर में वृद्धि होगी। मौसम वैज्ञानिकों ने हिमस्खलन की चेतावनी जारी की है।
सात साल का रिकार्ड टूटा
कुमाऊं के सबसे बड़े शहर की लाइफ लाइन गौला नदी इस बार फरवरी से ही सिंचाई और जल संकट को लेकर चिंता बढ़ाने लगी है। पहले बारिश की कमी और अब चढ़ते तापमान की वजह से नदी के जलस्तर ने सात साल पुराना रिकार्ड तोड़ दिया है।
